Wednesday, April 9, 2014

Life:Steve Jobs (जीवन-स्टीव जॉब्स)




आपका समय सीमित है इसलिए उसे किसी दूसरे के जीवन के लिए जीते हुए व्यर्थ न करें। दूसरों के विचार के अनुकूल जीवन जीने की हठधर्मिता का शिकार न हो। अन्य लोगों की सम्मति के शोर में अपनी अंतरात्मा की आवाज को डूबने न दें।
और सबसे महत्वपूर्ण, अपने मन और सहज बोध का अनुसरण करने का साहस रखें। उन्हें अनायास ही पहले से, आभास है कि तुम सच में क्या बनना चाहते हो। शेष सब गौण है।
-स्टीव जॉब्स (एप्पल का सह संस्थापक, आविष्कारक, उद्यमी और अमेरिकी उद्यमी)

Monday, April 7, 2014

history repeats itself (पहले दंगे-विभाजन फिर आजादी)



पहले दंगे-विभाजन फिर आजादी । राजनीति का रास्ता आज भी वही है बस पड़ाव अलग है. जैसे पहले दूसरा महायुद्ध जनविरोधी था, सोवियत संघ पर जर्मनी के आक्रमण के बाद जनयुद्ध हो गया और नेताजी तोजो के कुत्ते।अर्थ पुराने, सन्दर्भ नए।पहले अंग्रेज़ों के रहमो-करम पर थे और अब कांग्रेस के, कहाँ कुछ बदला। आखिर खून का रंग भी तो 'लाल' होता है..........

Sunday, April 6, 2014

Economics of Second hand hindi books (सेकंड हैंड हिंदी किताबों का अर्थशास्त्र)

 

वैसे दरियागंज में पत्रकारिता पर भी काफी किताबों का ढ़ेर दिखा,

खास कर हिंदी वालों का. आईआईएमसी के दो संगी पत्रकारों की किताबों को मैंने भी ख़रीदा २५-५० रुपए में.

फुटपाथ पर बिकने वाली पुरानी किताबों में भी अंग्रेजी का जोर है, दाम-संख्या दोनों में.

सूकून यही है कि दरियागंज के रविवार को लगने वाले पुरानी किताबों के बाज़ार से अज्ञेय की ज्ञानपीठ से प्रकाशित नयी रचनावली मिल गयी, मात्र एक हज़ार में. किताब वाले के पास थोक में माल है, अज्ञेय के रसिक अगले सप्ताह धावा बोल सकते है, दुकान एक दम दरियागंज के थाने के सामने है.…

सेकंड हैंड हिंदी किताबों का अर्थशास्त्र (ग्राउंड रिपोर्टिंग)

First Indian Bicycle Lock_Godrej_1962_याद आया स्वदेशी साइकिल लाॅक_नलिन चौहान

कोविद-19 ने पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया है। इसका असर जीवन के हर पहलू पर पड़ा है। इस महामारी ने आवागमन के बुनियादी ढांचे को लेकर भी नए सिरे ...